

आपणी हथाई न्यूज, राजस्थान के उपमुख्यमंत्री प्रेमचंद बैरवा (Prem Chand Bairwa) की अध्यक्षता में शुक्रवार को परिवहन मुख्यालय में परिवहन एवं सड़क सुरक्षा विभाग तथा राजस्थान राज्य पथ परिवहन निगम की संयुक्त उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित हुई। बैठक में सड़क सुरक्षा, परिवहन सेवाओं के विस्तार, यात्री सुविधाओं के विकास और बजट घोषणाओं की प्रगति पर विस्तार से चर्चा की गई। उपमुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी योजनाओं और तकनीकी नवाचारों को तय समय सीमा में पूरा किया जाए, ताकि राजस्थान का परिवहन तंत्र देश के लिए एक आदर्श मॉडल बन सके।
बैठक में सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम को प्राथमिकता देते हुए प्रभावी कार्ययोजना तैयार करने, परिवहन सेवाओं को अधिक सुलभ और जनहितकारी बनाने, नए बस स्टैंड विकसित करने तथा पुराने बस स्टैंडों की मरम्मत और रखरखाव को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। साथ ही यात्रियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया गया।
उपमुख्यमंत्री ने बताया कि बीकानेर,अजमेर, उदयपुर, कोटा और भरतपुर समेत प्रदेश के 10 जिला मुख्यालयों पर सार्वजनिक-निजी भागीदारी (PPP) मॉडल के तहत आधुनिक सुविधाओं से युक्त बस पोर्ट विकसित किए जाएंगे। इसके अलावा उदयपुर बस स्टैंड पर पीपीपी मोड में होटल बुकिंग सेवा शुरू करने की दिशा में भी काम किया जा रहा है। संबंधित परियोजनाओं की निविदा प्रक्रिया को तेजी से पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं।
ड्राइविंग लाइसेंस प्रक्रिया को पारदर्शी और तकनीकी रूप से मजबूत बनाने के लिए राज्य के सभी 35 ड्राइविंग टेस्ट ट्रैक्स को ऑटोमेटेड किया जा रहा है। फिलहाल 14 स्थानों पर ऑटोमेटेड ड्राइविंग टेस्ट ट्रैक शुरू हो चुके हैं, जबकि अन्य स्थानों पर कार्य तेजी से जारी है। गलत स्लॉट बुकिंग पर रोक लगाने के लिए पिनकोड आधारित मैपिंग सिस्टम भी लागू किया गया है।
रोडवेज बेड़े के आधुनिकीकरण को लेकर बैठक में जानकारी दी गई कि 300 इलेक्ट्रिक बसों और 300 नई रोडवेज बसों की खरीद प्रक्रिया मिशन मोड में चल रही है। वहीं सड़क सुरक्षा को मजबूत करने के लिए 3 हजार से अधिक चिकित्सा कर्मियों को एडवांस लाइफ सपोर्ट और 15 हजार से अधिक नागरिकों को बेसिक लाइफ सपोर्ट प्रशिक्षण दिया जा चुका है। सड़क सुरक्षा कोष के माध्यम से पुलिस विभाग को आधुनिक ब्रेथ एनालाइजर, इंटरसेप्टर वाहन और अन्य जरूरी उपकरण उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
इसके साथ ही वाहनों पर हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट (HSRP) और व्हीकल लोकेशन ट्रैकिंग डिवाइस (VLTD) लगाने का कार्य भी तेजी से आगे बढ़ रहा है। ग्रामीण क्षेत्रों में सार्वजनिक परिवहन को मजबूत करने के लिए “आपणी बस-राजस्थान रोडवेज” योजना के तहत पहले चरण में 357 मार्गों पर बसों का संचालन किया जा रहा है, जिनमें कई रूट्स पर यात्री संख्या 100 प्रतिशत से अधिक दर्ज की गई है। दूसरे चरण के तहत नए कार्यादेश जारी किए गए हैं और शेष मार्गों पर निविदा प्रक्रिया जारी है।


