आपणी हथाई न्यूज, राजस्थान में इस बार मौसम के मिजाज ने सबको चौंका दिया है। फागुन के महीने में ही प्रदेशवासियों को जेठ की झुलसाने वाली गर्मी का सामना करना पड़ रहा है। रविवार को मरुधरा ने गर्मी का पहला बड़ा रिकॉर्ड तोड़ दिया, जब पिलानी में पारा 40.2°C और बाड़मेर में 40°C दर्ज किया गया। बाड़मेर और बालोतरा के इलाकों में सीजन की पहली ‘हीटवेव’ ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। सुबह की पहली किरण के साथ ही सूरज आग उगलने लगता है, जिससे दोपहर तक सड़कें सूनी हो रही हैं।
जयपुर में गर्मी का ‘रॉकेट’ अवतार
गुलाबी नगरी जयपुर में भी हालात कुछ अलग नहीं हैं। यहाँ पिछले 7 दिनों में तापमान में 5 डिग्री का जबरदस्त उछाल आया है। 1 मार्च को जहाँ मौसम खुशनुमा था, वहीं अब पारा 37.1 डिग्री तक जा पहुँचा है। केवल जयपुर ही नहीं, बल्कि बीकानेर (39.4°C) और जैसलमेर (39.2°C) जैसे 15 से अधिक शहरों में पारा 36 डिग्री की सीमा को पार कर चुका है, जिससे उमस और तपिश ने लोगों का पसीना छुड़ा दिया है।
अगला एक हफ्ता: ‘येलो अलर्ट’ की चेतावनी
मौसम विभाग (IMD) की मानें तो यह तो बस शुरुआत है। आगामी एक सप्ताह तक राहत के कोई संकेत नहीं हैं। जैसलमेर, बाड़मेर और बालोतरा के लिए ‘येलो अलर्ट’ जारी किया गया है। अनुमान है कि अगले कुछ दिनों में तापमान में 2-3 डिग्री की और वृद्धि होगी, जिससे पारा 43 डिग्री तक पहुँच सकता है। विशेषज्ञों ने सलाह दी है कि दोपहर के समय घर से बाहर निकलते वक्त सावधानी बरतें और हाइड्रेटेड रहें।

