
Bikaner आपणी हथाई न्यूज,राजस्थान सशस्त्र कांस्टेबुलरी (आरएसी) में फर्जी दस्तावेजों के आधार पर नौकरी हासिल करने का मामला सामने आया है। हैरानी की बात यह है कि आरोपी ने न केवल वर्षों तक सरकारी सेवा की, बल्कि पूरा सेवाकाल भी पूरा कर सेवानिवृत्त हो गया। आरएसी अधिकारियों की ओर से कराई गई जांच में दस्तावेजों में हेरफेर के आरोप प्रमाणित होने के बाद अब उसके खिलाफ बीछवाल थाने में मामला दर्ज कराया गया है।
मामला सीकर जिले की बुरावड़ तहसील के पूराछोटी निवासी भागीरथराम से जुड़ा है। वह 1 जून 1992 को बीकानेर स्थित आरएसी की तृतीय बटालियन में कांस्टेबल के पद पर भर्ती हुआ था। बाद में उसका स्थानांतरण आरएसी की दिल्ली स्थित 8वीं बटालियन में हो गया, जहां उसने अपनी सेवा अवधि पूरी की और सेवानिवृत्त भी हो गया।

सेवानिवृत्ति के बाद आरएसी की 8वीं बटालियन के अधिकारियों को शिकायत मिली कि भागीरथराम ने कथित तौर पर कूटरचित दस्तावेजों के जरिए नौकरी हासिल की थी। शिकायत के आधार पर विभागीय स्तर पर जांच कराई गई। जांच में आरोप सही पाए जाने के बाद आरएसी की ओर से कानूनी कार्रवाई शुरू की गई।

आरएसी की दिल्ली स्थित गाजीपुर 8वीं बटालियन की डी कंपनी के प्लाटून कमांडर परमेश्वर दयाल ने भागीरथराम के खिलाफ बीछवाल पुलिस थाने में मुकदमा दर्ज कराया है। मामले की जांच एएसआई लाभूराम को सौंपी गई है।
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि बीकानेर की तृतीय बटालियन में भर्ती के दौरान भागीरथराम के शैक्षणिक प्रमाण-पत्र में उम्र से संबंधित कथित हेरफेर किया गया था। चूंकि उसकी मूल भर्ती बीछवाल स्थित आरएसी की तृतीय बटालियन में हुई थी, इसलिए प्रकरण बीछवाल थाने में दर्ज कराया गया है। अब पुलिस दस्तावेजों की जांच के साथ भर्ती प्रक्रिया, प्रमाण-पत्रों और अन्य संबंधित रिकॉर्ड की पड़ताल करेगी। मामले में पुलिस की जांच के बाद ही फर्जीवाड़े की पूरी तस्वीर स्पष्ट होगी।



