Rajasthan Weather आपणी हथाई न्यूज, राजस्थान में मानसून की विदाई से पहले मौसम एक बार फिर सक्रिय हो गया है। मंगलवार 15 सितंबर को प्रदेश के पूर्वी और दक्षिणी हिस्सों में कई स्थानों पर बारिश, मेघगर्जन और तेज हवाओं का दौर देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग ने कई जिलों में भारी बारिश की संभावना जताते हुए सतर्क रहने की सलाह दी है।
मौसम विभाग के अनुसार 15 सितंबर को करौली, दौसा, भरतपुर, टोंक, पाली, बाड़मेर, सवाई माधोपुर, कोटा, चूरू, धौलपुर, जयपुर, उदयपुर, चित्तौड़गढ़ और डूंगरपुर में भारी बारिश की संभावना है। बारिश के दौरान 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज झोंकेदार हवाएं चल सकती हैं। कुछ स्थानों पर हवा की गति 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने की भी संभावना है।
मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक दक्षिण-पूर्वी राजस्थान और उत्तर गुजरात के आसपास बना निम्न दबाव क्षेत्र अब दक्षिण-पश्चिमी राजस्थान, कच्छ और उससे सटे दक्षिण-पूर्वी पाकिस्तान के ऊपर सक्रिय है। इसके प्रभाव से दक्षिणी राजस्थान में मौसम की गतिविधियां ज्यादा रहने की संभावना है। पूर्वी राजस्थान में 15 और 16 सितंबर को कई जगह हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है, जबकि उदयपुर संभाग और आसपास के क्षेत्रों में कुछ स्थानों पर मध्यम से भारी बारिश के दौर बन सकते हैं।
जयपुर, दौसा, अलवर, भरतपुर, डीग, धौलपुर, करौली और सवाई माधोपुर सहित कई जिलों में भी बारिश के आसार हैं। वहीं कोटा, बारां, बूंदी और झालावाड़ में दोपहर बाद गरज-चमक के साथ बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं। दक्षिणी राजस्थान के उदयपुर, डूंगरपुर, बांसवाड़ा, चित्तौड़गढ़ और प्रतापगढ़ में भी बादल छाने और बारिश होने की संभावना बनी हुई है।
पश्चिमी राजस्थान में भी मौसम पूरी तरह साफ रहने के आसार नहीं हैं। 15 और 16 सितंबर को बालोतरा, बाड़मेर, जालोर, जोधपुर, नागौर और पाली में मेघगर्जन के साथ बारिश और तेज हवाएं चल सकती हैं। बीकानेर संभाग के कुछ हिस्सों में भी हल्की बारिश की संभावना जताई गई है। चूरू, सीकर और झुंझुनूं में दोपहर बाद गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है।
मौसम विभाग के अनुसार पूर्वी राजस्थान में 17 सितंबर तक और पश्चिमी राजस्थान में 16 सितंबर तक गरज-चमक तथा 30 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार वाली तेज हवाओं का असर बना रह सकता है। इस दौरान बिजली गिरने की आशंका को देखते हुए लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
इस बीच राजस्थान में मानसून की विदाई के संकेत भी मिलने लगे हैं। मौसम विभाग के मुताबिक परिस्थितियां दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी के लिए अनुकूल बन रही हैं और 19 सितंबर के आसपास पश्चिमी राजस्थान के कुछ हिस्सों से मानसून की वापसी शुरू हो सकती है। हालांकि मानसून की वास्तविक वापसी मौसम प्रणालियों की आगामी स्थिति पर निर्भर करेगी।


