

Lado Protsahan Yojana: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने ‘लाडो प्रोत्साहन योजना’ के तहत मिलने वाली आर्थिक सहायता को 1 लाख से बढ़ाकर 1.5 लाख कर दिया है। यह योजना 1 अगस्त 2024 से पूरे राज्य में लागू हो गई है, जिससे हर बेटी को 7 किश्तों में यह सहायता सीधे बैंक खाते में दी जा रही है।
यह योजना पूरे राजस्थान में 1 अगस्त 2024 से लागू हुई है। एक अगस्त 2024 के बाद जन्म लेने वाली हर बेटी को यह सहायता 7 किश्तों में सीधे बैंक खाते में दी जा रही है। पहली किश्त बेटी के जन्म पर 2,500 रुपये की दी गई है।
इस साल अप्रैल से जून के बीच 66,447 बेटियों को पहली किश्त मिल चुकी है।
महिला अधिकारिता विभाग ने इस वित्तीय वर्ष में गत एक अप्रैल के बाद जन्मीं 66 हजार, 447 बेटियों को पहली किश्त जारी कर दी है।
पहली किश्त के रूप में बेटी के जन्म पर माता को 2500 रुपए की सहायता मिली है। अप्रैल से जून तक तीन माह में सबसे अधिक उदयपुर में 3827 बेटियों को लाडो प्रोत्साहन योजना का लाभ मिला, वहीं जयपुर दूसरे नंबर है, यहां 3604 बेटियों को पहली किश्त की राशि मिली।
लाभ लेने के लिए पात्रता
ध्यान रहे बेटी राजस्थान की हो और जन्म 1 जून 2016 के बाद हुआ हो. जन्म JSY पंजीकृत सरकारी या निजी अस्पताल में हुआ हो. अधिकतम दो बेटियों को ही लाभ मिलेगा। माता-पिता के पास आधार और भामाशाह कार्ड होना जरूरी है.
आवेदन की जानकारी
आंगनबाड़ी और आशा कार्यकर्ता गर्भवती महिलाओं की जानकारी अस्पताल को देती हैं. जानकारी RCH रजिस्टर और PCTS पोर्टल पर दर्ज होती है. जिनके पास भामाशाह कार्ड नहीं है, उन्हें ई-मित्र केंद्र से बनवाना होगा। दस्तावेज जांच के बाद किश्तें मिलेंगी
किश्त मिलने का फॉर्मेट
जन्म पर- 2500, एक साल की उम्र और टीकाकरण के बाद- 2500, पहली कक्षा में प्रवेश पर- 4000, छठी कक्षा में प्रवेश पर- 5000, दसवीं कक्षा में- 11000, बारहवीं कक्षा में- 25000, स्नातक पास कर 21 साल की उम्र पूरी होने पर- 1,00,000. Lado Protsahan Yojana


