


आपणी हथाई साइबर क्राइम न्यूज,डिजिटल इंडिया के इस दौर में साइबर ठगों के हौसले बुलंद हैं। ठगी का एक ताजा और सनसनीखेज मामला बीकानेर से सामने आया है, जहाँ शातिर अपराधियों ने एक रिटायर्ड रेलकर्मी को अपना निशाना बनाया। पेंशन कार्ड बनवाने की प्रक्रिया के दौरान हुई एक छोटी सी चूक ने बुजुर्ग की जीवन भर की कमाई पर डाका डाल दिया। महज चार घंटों के भीतर ठगों ने खाते से 4.65 लाख रुपये पार कर दिए।
पीड़ित बुजुर्ग, जो इसी वर्ष फरवरी में रेलवे विभाग से सेवानिवृत्त हुए थे, ने 14 अप्रैल को ऑनलाइन पेंशन कार्ड के लिए आवेदन किया था। इसी दौरान साइबर अपराधियों ने खुद को बैंक अधिकारी बताते हुए उन्हें कॉल किया। नेट बैंकिंग और बैंक विवरण अपडेट करने के झांसे में लेकर ठगों ने पीड़ित से उनकी गोपनीय जानकारी हासिल कर ली। जब तक पीड़ित को कुछ समझ आता, उनके मोबाइल पर धड़ाधड़ पैसे कटने के मैसेज आने लगे।
पुलिस के अनुसार, ठगों ने अत्यंत शातिराना तरीके से ऑनलाइन ट्रांजेक्शन के जरिए पूरी रकम गायब कर दी। घटना का पता चलते ही पीड़ित ने तुरंत बैंक से संपर्क किया और पुलिस थाने में मामला दर्ज कराया। फिलहाल पुलिस की साइबर सेल मामले की तफ्तीश में जुट गई है और संदिग्ध नंबरों को ट्रैक किया जा रहा है। यह घटना एक बार फिर चेतावनी देती है कि किसी भी अनजान कॉल पर अपनी बैंकिंग जानकारी साझा करना कितना घातक हो सकता है।


